- कुछ ही घंटों में पुलिस ने नाटकीय ढंग से कर ली गिरफ्तारी
बदायूं। शहर के सबसे सुरक्षित समझे जाने वाले डीएम आवास के समीप छात्र कर्तव्य पटेल को गोली मार कर मौत के घाट उतारने वाले हत्यारोपी शौर्य ठाकुर को पुलिस ने नाटकीय ढंग से बुधवार को गिरफ्तार करने के बाद जेल भेज दिया है। अब पुलिस की कार्य प्रणाली को लेकर सवाल उठ रहा है कि जब पटेल समाज ने हत्यारोपी की गिरफ्तारी को प्रदर्शन किया तब पुलिस को कुछ घंटों के अंदर हत्यारोपी कौन से बिल में छिपा मिल गया जो तीन दिन से नही मिल पा रहा था।
यहां बताते चले कि सिविल लाइन थाना क्षेत्र के गांव बदरपुर निवासी छात्र कर्तव्य पटेल की गत 15 जून को शौर्य ठाकुर नामक युवक ने गोली मार कर हत्या कर दी थी। परिजनों ने शौर्य के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी लेकिन पुलिस ने उसे नही पकड़ा था जिस पर परिजन पुलिस पर राजनैतिक दबाब में उसकी गिरफ्तारी न करने का आरोप खुलेआम लगा रहे थे। कर्तव्य के हत्यारे की गिरफ्तारी को लेकर परिजन और पटेल समाज के सैकड़ों लोग मंगलवार की रात सड़कों पर उतर आए। देर रात तक लोग इन्द्राचौक पर प्रदर्शन करते रहे। इस दौरान सीओ देवेन्द्र सिंह के आश्वासन पर पटेल समाज के लोग माने।
बताते है कि मंगलवार की देर रात हुए प्रदर्शन के बाद बुधवार की सुबह पुलिस ने नाटकीय ढंग से हत्यारोपी शौर्य ठाकुर की गिरफ्तारी कर ली और फिर उससे आला कत्ल बरामद करने के बाद जेल भेज दिया। हत्यारोपी की गिरफ्तारी के बाद लोग पुलिस की कार्य प्रणाली पर सवाल उठा रहे हैं कि तीन दिन से पुलिस जिस हत्यारोपी को पकड़ न सकी वह पुलिस को अचानक कहां और कौन से बिल में छिपा मिल गया।





