बदायूं। जिले के ब्लाक अंबियापुर क्षेत्र के ग्राम दबिहारी में होलिका पर्व पारंपरिक उल्लास और धार्मिक आस्था के साथ बड़े ही धूमधाम से मनाया गया। गांवों में सुबह से ही उत्सव जैसा माहौल देखने को मिला। होलिका दहन के पश्चात ढोल-नगाड़ों के साथ प्राचीन काल से गाते आ रहे पारंपरिक फाग गीतों के साथ ग्रामीणों ने पूरे गांव में चौपाई निकाली।
कुंवर पाल ने ढोल बजाया। पूर्व प्रधान राजाराम, कुंवर पाल सिंह के साथ दर्जनों ग्रामीणों ने होलिका स्थल से चौपाई प्रारंभ कर गांव के प्रमुख मंदिरों और तीर्थ स्थलों पर पहुंचकर पूजा-अर्चना की तथा भजन-कीर्तन किया। ढोलक और मंजीरे की मधुर ध्वनि से वातावरण भक्तिमय हो उठा। महिलाएं पारंपरिक वेशभूषा में फाग गाती नजर आईं, वहीं युवाओं और बच्चों में भी खासा उत्साह देखने को मिला। यात्रा के दौरान लोगों ने एक-दूसरे को गुलाल लगाकर होली की शुभकामनाएं दीं। आपसी प्रेम, भाईचारे और सौहार्द का अनूठा दृश्य पूरे गांव में दिखाई दिया। बुजुर्गों ने युवाओं को होली के सांस्कृतिक महत्व के बारे में बताया और समाज में एकता बनाए रखने का संदेश दिया।
गांव के कई घरों में पारंपरिक पकवान जैसे गुझिया, मठरी, दही बड़े और अन्य मिठाइयां तैयार की गईं। घर आए अतिथियों और परिचितों का स्नेहपूर्वक स्वागत किया गया तथा उन्हें पकवान खिलाकर त्योहार की खुशियां साझा की गईं। ग्रामीणों ने कहा कि होली का पर्व केवल रंगों का त्योहार नहीं, बल्कि आपसी मेलजोल और सामाजिक समरसता का प्रतीक है। गांव में शांति, सौहार्द और उत्साह का वातावरण बना रहा। इस प्रकार मौके पर संजय सिंह, राजवीर सिंह, रामवीर सिंह, देशपाल सिंह, संजू सिंह, राम सिंह, जसवीर, शिशुपाल, देवेंद्र, सत्येंद्र, पप्पू, राजपाल, तेजराम, चंद्रभान सिंह आदि मौजूद रहे।





