बदायूं। प्रदेश में कानून व्यवस्था के लिए अपराधियों के प्रति जीरो टॉरलेस नीति पर चल रही योगी सरकार को बदायूं जिले में हो रहे अपराध नजर नही आ रहे है। पुलिस प्रशासन की ढुलमुल नीतियों का लाभ उठा कर एक आरोपी ने थाना मूसाझाग के गांव सैंजनी स्थित हिन्दुस्तान पैट्रोलियम के प्लांट में घुस कर बैठक कर रहे दो अधिकारियों फायरिंग कर मौत की नींद सुला दिया। दिन दहाड़े हुई इस वारदात से पूरा जिला सन्न रह गया है। एसएसपी ने दावा किया है कि हत्यारोपी को पकड़ लिया गया है और वह एचपीसीएल में वेण्डर का काम कर चुका है।
जिले के मूसाझाग थाना के गांव सैंजनी स्थित एचपीसीएल प्लांट में गुरूवार की दोपहर प्लांट में काम कर चुका अजय प्रताप नामक युवक बुलैरो कार से आया और प्लांट के अंदर घुस गया। बताते हैं कि अजय प्लांट परिसर में बने कार्यालय में पहुंचा, जहां प्लांट कर्मियों के साथ बैठक कर प्रबंधक सुधीर गुप्ता और उपप्रबंधक हर्षित मिश्रा को निशाना बना कर अजय ने फायरिंग शुरू कर दी जिससे दोनों के गोलियां लग गई और वह नीचे गिर गए। प्लांट के अंदर फायरिंग से अफरा तफरी मच गई जिला लाभ उठा कर हत्यारोपी मौके से फरार हो गया। वारदात के बाद प्लांट कर्मियों ने पुलिस को सूचना दी जिस पर मूसाझाग और दातागंज की पुलिस मौके पर पहुंच गई और दोनों अधिकारियों को जीवित समझकर दातागंज सीएचसी भेजा जहां डाक्टर ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। बताते हैं कि जब मृतकों के परिजनों को हत्याकांड की जानकारी हुई तो वह रोते-बिलखते बदायूं पहुुंच गए।
घटनाक्रम में बताया जाता है कि गांव सैजनी का रहने वाला अजय प्रताप प्लांट में काम कर चुका है मगर उसकी मनमानी के चलते प्रबंधक और उप प्रबंधक ने उसे काम से निकाल कर उसकी फर्म को ब्लैक लिस्टेड कर दिया था जिससे वह दोनों अधिकारियों से रंजिश मानने लगा था। बताते हैं कि गत फरवरी माह में अजय प्लांट में जबरन घुस कर दोनों अधिकारियों को एक माह के अंदर सबक सिखाने की धमकी खुलेआम देकर उनके समेत पूरे प्लांट के कर्मियों मंे दहशत फैला दी थी। अजय ने इस दौरान खुद का गैंगस्टरों के नजदीकी बताया था। इस मामले में प्रबंधक सुधीर गुप्ता ने अजय के खिलाफ थाने में रिपोर्ट दर्ज करा कर सुरक्षा की मांग की। बताते हैं कि पुलिस ने न जाने किस दबाब में अजय के खिलाफ कानूनी कार्रवाई नही थी जिसका परिणाम दोनों अधिकारियों की हत्या के रूप में आया।
दिनदहाड़े हुई दोनों अधिकारियों की हत्या पर नागरिकों ने पुलिस और प्रदेश की योगी सरकार पर भी सवाल उठाते हुए कहा है कि योगी सरकार पूरे प्रदेश में अपराधियों पर लगाम कस रही है मगर बदायूं में योगी सरकार और उसकी पुलिस न जाने किसके दबाब में काम कर रही है कि रिपोर्ट दर्ज कराने के बाद भी अधिकारियों को सुरक्षा तो नही मिल सकी लेकिन मौत जरूर मिल गई। दोहरे हत्याकांड की सूचना पर जिले के कप्तान डा. ब्रजेश सिंह ने घटनास्थल का मौका मुआयना किया और इस दौरान दावा किया कि हत्यारोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। प्लांट अधिकारियों की हत्या से पूरा बदायूं क्षेत्र ही दहल कर रह गया है।




