बदायूं। वैदिक पंचांग के अनुसर 17 सितंबर को ब्रह्मांड के प्रथम वास्तुकार, शिल्पकार और इंजीनियर भगवान विश्वकर्मा का पूजन दिवस आयोजित होता है। विश्वकर्मा का पूजन दिवस पूरे जिले में धूमधाम के साथ मनाया गया। इस अवसर पर कारखानों में मशीनों, औजारों की पूजा अर्चना की गई। उझानी नगर में भगवान विश्वकर्मा का पूजा दिवस धूमधाम और उल्लास के साथ कारोबारियों ने मनाया। इस अवसर पर कारखानों के अलावा अन्य प्रतिष्ठानों में भगवान विश्वकर्मा की पूजा अर्चना के उपरांत मशीनों, औजारों और वाहनों की पूजा अर्चना की गई।

नगर के किलाखेड़ा इलाके में कपड़ों से संबधित मैटेरियल बनाने वाले कारखाने में गुरूवार को विधिवत रूप से भगवान विश्वकर्मा की पूजा अर्चना की गई। संचालक गौरव गर्ग और केके गर्ग की अगुआई में कर्मियों ने भगवान विश्वकर्मा के चित्र पर माल्यापर्ण करने के बाद वैदिक मंत्रोंचारण के बीच पूजा अर्चना की गई। इस अवसर पर गौरव गर्ग ने कहा कि ब्रम्हांड में भगवान विश्वकर्मा प्रथम वास्तु, शिल्पकार और इंजीनियर के रूप में माने जाते है। आज के दिन भगवान विश्वकर्मा के साथ मशीनों, औजारों की पूजा करने से कार्यक्षेत्र में तरक्की और सिद्धी बनी रहती है। इस अवसर पर सभी ने मशीनों एवं औजारों की भी पूजा अर्चना की।
अस्पताल परिसर में स्वास्थ्य कर्मियों ने एक्सरे मशीन समेत अन्य मशीनों एवं औजारों का पूजन अर्चन किया। इससे पूर्व सभी भगवान विश्वकर्मा की मनोयोग से पूजा अर्चना की। इस अवसर पर संजय प्रसाद, गिरिराज किशोर, पंकज सिंह, पुष्पेन्द्र सिंह, गिरीश चंद्र, दिनेश सक्सेना, मुनेश आदि मौजूद रहे। जिले के वाहन कारखानों, शोरूम आदि में संचालकों ने वाहनों की पूजा अर्चना कर भगवान विश्वकर्मा को मनोयोग से याद कर प्रगति की प्रार्थनाएं की।





