उझानी,(बदायूं)। ए.पी.एस. इंटरनेशनल स्कूल में आयोजित सीटी और एआई की जिला स्तरीय वर्कशाप में शिक्षकों ने सीटी तथा एआई तकनीक का गुणवत्ता परक उपयोग क्लास के दौरान विद्यार्थियों के हित में करने का संकल्प जताया। शिक्षकों ने इस तकनीक से होने वाली लाभ हानि का भी आपसी विचार विर्मश किया।
वर्कशाप में एक्सपर्ट्स ने कहा कि एजुकेशन में कम्प्यूटेशनल थिंकिंग और एआई का रोल तेजी से बढ़ रहा है। इनका इस्तेमाल स्टूडेंट्स में प्रॉब्लम सॉल्विंग, लॉजिकल थिंकिंग और टेक्निकल स्किल्स डेवलप करने में मदद कर सकता है। वर्कशॉप में टीचर्स ने एक-दूसरे के स्कूल्स में किए जा रहे नए एक्सपेरिमेंट्स और बेस्ट प्रैक्टिसेज को भी जाना। एक्सपर्ट्स ने कहा कि एजुकेशन में कम्प्यूटेशनल थिंकिंग और एआई का रोल तेजी से बढ़ रहा है। इनका इस्तेमाल स्टूडेंट्स में प्रॉब्लम सॉल्विंग, लॉजिकल थिंकिंग और टेक्निकल स्किल्स डेवलप करने में मदद कर सकता है। वर्कशॉप में टीचर्स ने एक-दूसरे के स्कूल्स में किए जा रहे नए एक्सपेरिमेंट्स और बेस्ट प्रैक्टिसेज को भी जाना। ई. आशीष अग्रवाल ने कहा कि वर्कशॉप का मकसद सिर्फ आकर्षक प्रेजेंटेशन देना नहीं, बल्कि क्लासरूम में सीटी और एआई से जुड़ी वास्तविक एक्टिविटीज और उनके इम्पैक्ट को शेयर करना है।
वर्कशॉप का समापन नॉलेज, एक्सपीरियंस और इनोवेशन के एक्सचेंज के साथ हुआ। प्रतिभागियों ने नई टीचिंग मेथड्स और इनोवेशन को अपने स्कूल्स में लागू करने की दिशा में महत्वपूर्ण सीख हासिल की। अध्यक्षता प्रधानाचार्य रविन्द्र भट्ट ने की।






